Aurangabad (मृत्युंजय) : बारुण थाना क्षेत्र में गुरुवार को हुए एक दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर दिया। न्यू सोननगर और बगहा रेलवे स्टेशन के बीच रेलवे ट्रैक पर ट्रेन की चपेट में आने से 150 से अधिक भेड़ों की मौत हो गई। इस हादसे में स्थानीय पशुपालक ललन पाल को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। पीड़ित के अनुसार मृत भेड़ों की कीमत करीब 20 लाख रुपये है और इन्हीं भेड़ों के सहारे पूरे परिवार का भरण-पोषण होता था।
ललन पाल ने बताया कि पशुपालन ही उनके परिवार की आजीविका का एकमात्र साधन है। इस घटना के बाद परिवार के सामने आजीविका चलाने के साथ-साथ तीन बेटियों की शादी की चिंता भी खड़ी हो गई है। घटना के बाद परिवार का रो-रोकर बुरा हाल है और गांव में भी शोक का माहौल है।
हादसे के बाद रेलवे ट्रैक के किनारे बड़ी संख्या में मरी हुई भेड़ों के शव पड़े रहे। आसपास आवारा कुत्ते और चील शवों को नोचते दिखाई दिए, जिससे स्थानीय लोगों में संक्रमण फैलने की आशंका बढ़ गई है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द शवों का वैज्ञानिक तरीके से निस्तारण नहीं कराया गया तो दुर्गंध और बीमारी फैलने का खतरा हो सकता है।
घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। लोगों ने प्रशासन और रेलवे अधिकारियों से पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता उपलब्ध कराने की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि एक ही परिवार के इतने बड़े पशुधन की मौत से उसकी आर्थिक व्यवस्था चरमरा गई है। ऐसे में सरकार और रेलवे प्रशासन को संवेदनशीलता दिखाते हुए उचित मुआवजा देना चाहिए।
स्थानीय सामाजिक कार्यकर्ताओं ने इस घटना को बेहद दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम के लिए रेलवे ट्रैक के आसपास प्रभावी सुरक्षा व्यवस्था, पशुओं की आवाजाही रोकने के उपाय और संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी बढ़ाने की मांग की है। फिलहाल लोगों की निगाहें जिला प्रशासन और रेलवे प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हैं।





