
New Delhi : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने शनिवार को अक्षय पात्र फाउंडेशन द्वारा आयोजित ‘मॉर्निंग न्यूट्रिशन प्रोग्राम’ का शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि पोषित बचपन ही विकसित भारत की मजबूत नींव है और स्कूली बच्चों के मुस्कुराते चेहरे इस बात का प्रमाण हैं कि पोषण केवल भोजन नहीं, बल्कि भविष्य निर्माण का आधार है। उन्होंने कहा कि अन्नदान की भारतीय सांस्कृतिक परंपरा को आगे बढ़ाते हुए यह पहल बच्चों के उज्ज्वल भविष्य की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार इस पहल में संस्था के साथ मजबूती से खड़ी है। उन्होंने बताया कि देश में मिड-डे मील योजना ने लाखों बच्चों को विद्यालयों से जोड़ा और उनके शारीरिक व मानसिक विकास में अहम भूमिका निभाई है। उसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए ‘मॉर्निंग न्यूट्रिशन प्रोग्राम’ बच्चों को दिन की शुरुआत से ही आवश्यक ऊर्जा और पोषण उपलब्ध कराएगा, जिससे वे पढ़ाई, खेल और अन्य गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग ले सकें।
उन्होंने बताया कि अक्षय पात्र फाउंडेशन दिल्ली सरकार के लगभग 200 विद्यालयों के सहयोग से करीब 90 हजार बच्चों को भोजन उपलब्ध करा रहा है। राजधानी में संचालित फाउंडेशन की चार अत्याधुनिक रसोइयों के माध्यम से भोजन समय पर बच्चों तक पहुंचाया जाता है। इसे बच्चों के समग्र विकास की दिशा में एक प्रभावी पहल बताया गया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में पीएम पोषण, राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम और पोषण अभियान जैसे कार्यक्रमों ने देश में पोषण को जन आंदोलन का रूप दिया है। स्वस्थ और पोषित बालक ही विकसित भारत की आधारशिला हैं। उन्होंने महिलाओं और बालिकाओं के स्वास्थ्य, गर्भवती माताओं के पोषण, मिलेट्स के प्रोत्साहन और सर्विकल कैंसर के विरुद्ध टीकाकरण जैसे अभियानों को स्वस्थ भारत की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली सरकार ने ‘कोई भूखा न सोए’ के संकल्प के साथ अटल कैंटीन के माध्यम से श्रमिकों, जरूरतमंदों, मरीजों के परिजनों और असहाय लोगों को मात्र पांच रुपये में भोजन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की है। सरकार का लक्ष्य प्रतिदिन एक लाख लोगों को सम्मानजनक भोजन उपलब्ध कराना है। इस दिशा में 100 अटल कैंटीन स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है, जिनमें से 71 कैंटीन प्रारंभ की जा चुकी हैं।
उन्होंने कहा कि पोषण और स्वास्थ्य पर ध्यान देना उपचार से अधिक महत्वपूर्ण है, क्योंकि स्वस्थ बचपन ही समृद्ध भारत की पहचान है। अक्षय पात्र जैसी संस्थाओं के साथ सरकार की साझेदारी को समाज और शासन के समन्वय का उत्कृष्ट उदाहरण बताया गया। इस अवसर पर श्याम जाजू, भरतर्षभ दास, चंचलपति दास और योगेश वर्मा सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे।





