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 उत्तर प्रदेश, नोएडा: नोएडा में बाढ़ का पानी घुसा

उत्तर प्रदेश, नोएडा: नोएडा में बाढ़ का पानी घुसा
 उत्तर प्रदेश, नोएडा: -पुश्ता में 100 से अधिक झुग्गियां डूबीं, लोगों ने पलायन किया; पीड़ित बोले- अभी कोई मदद नहीं मिली

अजीत कुमार
 उत्तर प्रदेश, नोएडा।नोएडा के डूब क्षेत्र में दो दिनों से बाढ़ का पानी आ गया है। यहां रहने वाले लोग अब पलायन करने को मजबूर हैं। सेक्टर-168 की तरफ करीब 100 से ज्यादा झुग्गियां बनाकर लोग रह रहे हैं। बाढ़ का पानी झुग्गियों में भरने से खाने-पीने का सामान व अन्य सामग्री बह गई।

पीड़ितों ने कहा- अभी तक यहां पर राहत सामग्री नहीं पहुंची है। जिला प्रशासन की तरफ से कोई मदद नहीं की जा रही है। नोएडा में मंगरौली, छपरौली, गुलावली, मोहियापुर के अलावा झट्टा गांव में पानी भरा है। ग्रामीणों ने कहा- 2 दिन पहले अचानक से रात में करीब 1 से 2 बजे के बीच पानी आया। सारा सामान निकालने का समय नहीं मिला।

2023 में आई थी बाढ़

दिल्ली में यमुना का जल स्तर बढ़ रहा है। मथुरा के नौझील के आसपास के गांवों में जलभराव भी है। नोएडा के पुश्ता में 2023 में बाढ़ आई थी। जिसमें करीब 1200 लोगों का रेस्क्यू किया गया। इससे कहीं ज्यादा मवेशियों को बचाया गया। साथ ही 2000 हजार से ज्यादा लोगों के खाने-पीने की व्यवस्था के लिए सामुदायिक किचन और आश्रय स्थल बनाए गए थे।

डीएम ने दिए निर्देश

जिलाधिकारी ने सिंचाई विभाग को निर्देशित किया कि वह नियमित रूप से नदियों के जल स्तर की निगरानी करें। समय-समय पर प्रशासन को अवगत कराएं। बाढ़ से प्रभावित होने वाले गांव के लोगों को सतर्क रहने और पानी बढ़ने की संभावना के बारे में लगातार जानकारी दी जाए।

प्राधिकरणों के अधिकारियों से कहा- डूब क्षेत्रों में जो गोशालाएं हैं, उनको लेकर भी ऑप्शनल व्यवस्था रखी जाए। डूब क्षेत्र में बाढ़ की स्थिति को देखते हुए गौवंशों को रेस्क्यू करके सुरक्षित स्थानों तक पहुंचा जा सके। बाढ़ जैसी आपदा की स्थिति से निपटने के लिए समन्वय बनाते हुए अपनी सभी तैयारियों को पूरा करें।

बागान की बजाय बने स्टेडियम

सेक्टर-94 से हिंडन बैराज तक पुश्ता रोड और यमुना के 5 हजार हेक्टेयर एरिया को देखा। सेक्टर-94 से तीन से 4 किमी चलने पर ही हमें वही नजारा दिखा तो 2023 में बाढ़ आने से पहले का था। थोड़ा बहुत बदलाव भी नजर आया। पुश्ता रोड पूरी तरह से खस्ता है।

डूब क्षेत्र में जहां नर्सरी और बागान होने चाहिए थे, वहां आलीशान क्रिकेट ग्राउंड थे। उनमें फ्लड लाइट लगी थी। एक मैदान नहीं ऐसे दर्जनों मैदान वहां बना दिए गए। जिनकी बुकिंग के लिए बोर्ड पर नंबर तक दिए गए थे।

2023 में रातों रात डूब क्षेत्र में पानी भरा था

दरअसल, अगस्त 2023 में हरियाणा के हथनीकुंड बांध के दरवाजे खोले गए। रातों रात डूब क्षेत्र में पानी भरा। सुबह तक सारे फॉर्म हाउस से लेकर हजारों लोग गोवंश इस बाढ़ की चपेट में आ गए। आनन-फानन रेस्क्यू ऑपरेशन शुरू किया। लोगों को स्टीमर, ट्रैक्टर ट्राली के जरिए बाहर निकाला गया। कई गोवंश मर गए। कितने बह गए, इनकी संख्या का कोई आकलन नहीं था।

इन सेक्टर और गांव होते प्रभावित
नोएडा में यमुना सेक्टर-94, 124, 125, 127, 128, 131, 133, 134, 135, 168 के अलावा 150 से होकर निकलती है। इसी तरह हिंडन नदी छिजारसी से प्रवेश करते हुए सेक्टर-63ए, बेहलोलपुर, शहदरा, सुथियाना, गढ़ी चौखंड़ी, सेक्टर-123, 118, 115, 143, 143ए, 148, 150, मोमनाथल के पास यमुना में मिलती है। यह दोनों ही नदिया नोएडा को चारों तरफ से घेरे हुए हैं और नदियों के किनारे की जमीन को ही डूब क्षेत्र कहते हैं, जहां पर खरीद-फ़रोख़्त प्रतिबंध है।

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