Tilpata Pond Accident: तालाब में डूबने से महिला की मौत के मामले में ठेकेदार पर लापरवाही का आरोप, ग्रामीणों ने की कार्रवाई की मांग
नोएडा। सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र के तिलपता गांव में तालाब में डूबने से एक मानसिक रूप से अस्वस्थ महिला की मौत के मामले में ग्रामीणों ने सौंदर्यीकरण का काम कर रहे ठेकेदार पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाया है। ग्रामीणों ने पुलिस को शिकायत देकर ठेकेदार के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने और संबंधित कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने की मांग की है। पुलिस का कहना है कि शिकायत से प्राधिकरण के अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है और जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी।
तिलपता गांव स्थित तालाब में शुक्रवार को एक महिला की डूबने से मौत हो गई थी। घटना के बाद ग्रामीणों ने तालाब पर किए जा रहे सौंदर्यीकरण कार्य और सुरक्षा इंतजामों को लेकर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि निर्माण कार्य के दौरान पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था नहीं की गई थी, जिसके चलते यह हादसा हुआ।
गांव निवासी अक्षय मुखिया ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि तालाब के सौंदर्यीकरण का काम चल रहा है। उनका आरोप है कि तालाब के अंदर करीब 10 से 12 फीट गहरा गड्ढा था। इस गड्ढे को भरने के बजाय सड़क पर जमा पानी उसमें छोड़ दिया गया, जिससे वहां काफी पानी जमा हो गया।
ग्रामीणों का आरोप है कि इसी गहरे हिस्से में गिरने और डूबने के कारण महिला की मौत हुई। हालांकि, घटना में ठेकेदार की जिम्मेदारी को लेकर पुलिस और संबंधित प्राधिकरण की ओर से जांच की जानी है। ग्रामीणों ने मांग की है कि जांच में लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
अक्षय मुखिया ने आरोप लगाया कि हादसे से पहले तालाब के आसपास तार की फेंसिंग भी नहीं की गई थी। उनका कहना है कि तालाब में पानी होने और गहरा गड्ढा मौजूद रहने के बावजूद लोगों को वहां जाने से रोकने के लिए पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम नहीं किए गए थे।
ग्रामीणों के मुताबिक, महिला की मौत के बाद तालाब के आसपास तारबंदी का काम शुरू किया गया। आरोप है कि शुक्रवार देर रात पोल पर तार लगाने का काम किया गया और शनिवार को भी फेंसिंग जारी रही। ग्रामीणों का कहना है कि यदि यह सुरक्षा व्यवस्था पहले ही कर दी गई होती तो हादसे को टाला जा सकता था।
ग्रामीणों ने संबंधित ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई के साथ कंपनी को ब्लैकलिस्ट करने की मांग भी की है। उनका कहना है कि निर्माण और सौंदर्यीकरण कार्यों के दौरान सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन कराया जाना चाहिए, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
सूरजपुर कोतवाली पुलिस का कहना है कि ग्रामीणों की शिकायत के संबंध में प्राधिकरण के अधिकारियों को जानकारी दे दी गई है। मामले में जांच के बाद जो तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।


