Noida Court: हत्या के मामले में चार दोषियों को उम्रकैद, साढ़े नौ साल पुराने केस में अदालत का बड़ा फैसला

Noida Court: हत्या के मामले में चार दोषियों को उम्रकैद, साढ़े नौ साल पुराने केस में अदालत का बड़ा फैसला
नोएडा की दनकौर कोतवाली क्षेत्र के बिलासपुर गांव में वर्ष 2016 में हुई युवक की हत्या के मामले में अदालत ने चार आरोपियों को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश आशीष कुमार चौरसिया की अदालत ने सभी दोषियों पर अर्थदंड भी लगाया है। जुर्माना जमा न करने की स्थिति में अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
पुलिस के अनुसार 23 नवंबर 2016 की शाम करीब साढ़े छह बजे बिलासपुर गांव निवासी जुबैर उर्फ गुड्डू अपने घर के बाहर खड़ा था। उसी दौरान मोहल्ले के रहने वाले दानिश, उसका भाई अलीम तथा यामीन और उसका भाई इब्राहिम वहां पहुंचे। आरोप है कि चारों ने पहले गाली-गलौज और विवाद किया तथा पुरानी रंजिश का हवाला देते हुए जान से मारने की धमकी दी।
इसके बाद दानिश और इब्राहिम ने गुड्डू को पकड़ लिया, जबकि यामीन और अलीम ने तमंचों से उस पर गोली चला दी। गंभीर रूप से घायल गुड्डू को तत्काल ग्रेटर नोएडा के कैलाश अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद मृतक के चचेरे भाई आबिद की शिकायत पर दनकौर थाने में हत्या का मामला दर्ज किया गया था। पुलिस जांच में सामने आया कि दोनों पक्षों के बीच करीब छह से सात महीने पहले भी विवाद हुआ था और उसी पुरानी रंजिश के चलते वारदात को अंजाम दिया गया।
जांच के दौरान पुलिस ने 25 नवंबर 2016 को दानिश और 12 दिसंबर 2016 को अलीम को अवैध तमंचा और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया था। मामले में अभियोजन पक्ष ने अदालत के सामने 16 गवाह पेश किए।
हालांकि सुनवाई के दौरान प्रत्यक्षदर्शी बताए गए चार गवाहों में से मृतक के भाई और वादी को छोड़कर अन्य तीन गवाह अपने पुराने बयानों से मुकर गए और उन्हें पक्षद्रोही घोषित किया गया। इसके बावजूद अदालत ने उपलब्ध साक्ष्यों और अन्य परिस्थितियों के आधार पर चारों आरोपियों को दोषी माना।
अदालत ने दानिश, अलीम, यामीन और इब्राहिम को हत्या के अपराध में आजीवन कारावास तथा प्रत्येक पर 60 हजार रुपये का अर्थदंड लगाया। वहीं दानिश और अलीम को आयुध अधिनियम के तहत तीन-तीन वर्ष के कठोर कारावास और 10-10 हजार रुपये के अतिरिक्त जुर्माने की सजा भी सुनाई गई है।





