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ग्रेटर नोएडा, नोएडा: किसानों की रिहाई को लेकर वकीलों की हड़ताल जारी

ग्रेटर नोएडा, नोएडा: किसानों की रिहाई को लेकर वकीलों की हड़ताल जारी
किसान आंदोलन की हवा जिले में तेज होने लगी है। वैसे तो पुलिस ने 7 किसानों को जेल से रिहा कर दिया है, लेकिन उसके बावजूद भी आंदोलनकारी लोग अपनी बातों पर अडिग है।

अमर सैनी

ग्रेटर नोएडा, नोएडा। किसान आंदोलन की हवा जिले में तेज होने लगी है। वैसे तो पुलिस ने 7 किसानों को जेल से रिहा कर दिया है, लेकिन उसके बावजूद भी आंदोलनकारी लोग अपनी बातों पर अडिग है। बुधवार को गौतमबुद्ध नगर जिला न्यायालय में हड़ताल रही। वकीलों का साफ कहना है कि अगर किसानों को रिहा नहीं किया गया तो यह हड़ताल चलती रहेगी। मतलब, जिले के करीब 10,000 लोग रोजाना परेशान होंगे। जो जिला न्यायालय के चक्कर काटते हैं।

जनपद दीवानी एवं फौजदारी बार एसोसिएशन गौतमबुद्ध नगर के अध्यक्ष उमेश भाटी ने बताया कि अपनी मांगों के लिए लड़ाई लड़ने वाले सैकड़ों किसानों को पुलिस ने जेल भेज दिया। इनमें से इस समय 129 किसान जेल में बंद है। वकीलों ने मांग की है कि इन किसानों को जल्द से जल्द रिहा किया जाए, लेकिन पुलिस इसमें देरी कर रही है। इस वजह से किसानों के साथ वकीलों के भीतर आक्रोश पैदा हो गया है।उमेश भाटी ने आगे बताया कि सिस्टम इस समय तानाशाही दिख रहा है। जिन लोगों को जेल भेजा गया है, उनमें काफी वकील शामिल हैं। वह अपनी मांगों को लेकर मुद्दा उठा रहे थे और उनको जेल भेज दिया, यह कैसी इंसाफी है। इस वजह से जिला न्यायालय में बुधवार को हड़ताल रही। उनका साफ कहना है कि अगर किसानों को रिहा नहीं किया गया तो हड़ताल आगे भी जारी रहेगी।

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