Arjuna Award: मीराबाई चानू के लिए अर्जुन अवॉर्ड की सिफारिश, आयुष मंत्री ने खेल मंत्री को लिखा पत्र

Arjuna Award: मीराबाई चानू के लिए अर्जुन अवॉर्ड की सिफारिश, आयुष मंत्री ने खेल मंत्री को लिखा पत्र
नई दिल्ली, 31 जुलाई : भारत की स्टार वेटलिफ्टर और ओलंपिक पदक विजेता मीराबाई चानू को इस वर्ष अर्जुन अवॉर्ड से सम्मानित किए जाने की मांग तेज हो गई है। केंद्रीय आयुष मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं स्वास्थ्य राज्य मंत्री प्रतापराव जाधव ने केंद्रीय खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया को पत्र लिखकर मीराबाई चानू के नाम की अर्जुन अवॉर्ड के लिए सिफारिश की है। उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का गौरव बढ़ाने वाली चानू को यह सम्मान मिलना उनके शानदार खेल करियर के लिए उचित सम्मान होगा।
प्रतापराव जाधव ने अपने पत्र में मीराबाई चानू के खेल जीवन की उपलब्धियों का उल्लेख करते हुए कहा कि उन्होंने राष्ट्रमंडल खेलों और ओलंपिक सहित दुनिया के बड़े मंचों पर भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए उल्लेखनीय प्रदर्शन किया है। मणिपुर के एक छोटे से गांव से निकलकर अंतरराष्ट्रीय स्तर की स्टार खिलाड़ी बनने तक का उनका सफर देश के करोड़ों युवाओं के लिए प्रेरणादायक है।
मीराबाई चानू ने राष्ट्रमंडल खेलों में लगातार शानदार प्रदर्शन करते हुए स्वर्ण पदक हासिल किए और भारत का नाम रोशन किया। वेटलिफ्टिंग के स्नैच, क्लीन एंड जर्क तथा कुल भार वर्ग में भी उन्होंने कई महत्वपूर्ण रिकॉर्ड अपने नाम किए हैं। उनकी उपलब्धियों ने भारतीय महिला खिलाड़ियों के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।
आयुष मंत्री ने कहा कि मीराबाई चानू को खेल रत्न, पद्मश्री और ओलंपिक पदक जैसे प्रतिष्ठित सम्मान मिल चुके हैं, लेकिन अर्जुन अवॉर्ड हासिल करने का उनका बचपन का सपना अभी तक पूरा नहीं हुआ है। ऐसे में इस वर्ष उनके नाम पर अर्जुन अवॉर्ड के लिए विचार किया जाना उनके खेल जीवन की उपलब्धियों को सम्मान देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम होगा।
जाधव ने खेल मंत्री से आग्रह किया कि मीराबाई चानू की उपलब्धियों और देश के लिए उनके योगदान को देखते हुए उनके नाम पर अर्जुन अवॉर्ड के लिए सकारात्मक रूप से विचार किया जाए। उन्होंने कहा कि चानू का सम्मान केवल एक खिलाड़ी की उपलब्धियों का सम्मान नहीं होगा, बल्कि यह उन युवाओं के लिए भी बड़ी प्रेरणा बनेगा जो सीमित संसाधनों के बावजूद खेल के क्षेत्र में देश के लिए कुछ बड़ा करने का सपना देखते हैं।
मीराबाई चानू की खेल यात्रा संघर्ष, अनुशासन और निरंतर मेहनत की मिसाल मानी जाती है। छोटे से गांव से निकलकर विश्व स्तरीय प्रतियोगिताओं में भारत के लिए पदक जीतने वाली चानू ने यह साबित किया है कि मजबूत इच्छाशक्ति और कड़ी मेहनत के दम पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बड़ी उपलब्धियां हासिल की जा सकती हैं।
अब सभी की नजरें इस बात पर रहेंगी कि अर्जुन अवॉर्ड के लिए की गई इस सिफारिश पर संबंधित चयन प्रक्रिया के तहत क्या निर्णय लिया जाता है। यदि चानू को यह सम्मान मिलता है, तो यह उनके लंबे और गौरवपूर्ण खेल करियर में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि जुड़ जाएगी।





