Illegal Construction: नोएडा में अवैध निर्माण और कब्जों पर चलेगा बुलडोजर, सभी वर्क सर्किलों में होगा सर्वे

Illegal Construction: नोएडा में अवैध निर्माण और कब्जों पर चलेगा बुलडोजर, सभी वर्क सर्किलों में होगा सर्वे

नोएडा में अवैध निर्माण और प्राधिकरण की जमीन पर अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई की तैयारी तेज हो गई है। नोएडा प्राधिकरण शहर के सभी वर्क सर्किलों में सर्वे कराकर अवैध निर्माण और कब्जों की पहचान करेगा। इसके लिए अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में स्थिति का आकलन कर विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए गए हैं। सर्वे रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी कृष्ण करुणेश ने समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों को ये निर्देश दिए।

शहर में प्राधिकरण की अधिसूचित जमीन पर अवैध कब्जे और बिना अनुमति निर्माण से जुड़ी शिकायतें लगातार सामने आ रही हैं। इसे देखते हुए अब सभी वर्क सर्किलों से क्षेत्रवार जानकारी जुटाई जाएगी। सर्वे के दौरान उन स्थानों को चिह्नित किया जाएगा, जहां प्राधिकरण की जमीन पर अतिक्रमण या अनधिकृत निर्माण हुआ है। इसके बाद संबंधित मामलों की स्थिति के अनुसार कार्रवाई की योजना बनाई जाएगी।

प्राधिकरण ने जून 2026 में सलारपुर, भंगेल और हाजीपुर क्षेत्र में अधिसूचित जमीन पर अवैध कब्जे को लेकर सार्वजनिक सूचना जारी की थी। इस सूचना के माध्यम से अनधिकृत निर्माण और कब्जे करने वालों को कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी। प्राधिकरण पहले भी ऐसे मामलों में ध्वस्तीकरण और सीलिंग की कार्रवाई करता रहा है। अब सभी वर्क सर्किलों में सर्वे के जरिए शहर के अन्य क्षेत्रों में भी अवैध निर्माण और अतिक्रमण की स्थिति का पता लगाया जाएगा।

इस अभियान के तहत केवल अवैध निर्माण ही नहीं, बल्कि खाली पड़े प्लॉटों और जमीनों का ब्योरा भी जुटाया जाएगा। सीईओ कृष्ण करुणेश ने अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र में खाली जमीनों की स्थिति की विस्तृत रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। इससे प्राधिकरण की खाली पड़ी जमीनों की उपलब्धता, मौजूदा स्थिति और उनके उपयोग से जुड़ी जानकारी स्पष्ट हो सकेगी।

खाली प्लॉटों का रिकॉर्ड तैयार होने से भविष्य में जमीन के आवंटन की प्रक्रिया को आगे बढ़ाने में भी मदद मिल सकती है। साथ ही, उपलब्ध जमीनों की पहचान होने से प्राधिकरण को राजस्व प्राप्त करने के अवसरों का आकलन करने में सहूलियत होगी। इसके लिए अधिकारियों को जमीन से संबंधित विवरण व्यवस्थित रूप से जुटाने को कहा गया है।

सर्वे पूरा होने के बाद सभी वर्क सर्किलों से प्राप्त रिपोर्ट की समीक्षा की जाएगी। इसके आधार पर अवैध निर्माण और अतिक्रमण वाले क्षेत्रों को चिह्नित कर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। मामलों की गंभीरता और स्थिति के अनुसार कार्रवाई की प्राथमिकता निर्धारित की जा सकती है। सीईओ ने अधिकारियों को अपने क्षेत्रों में नियमित निगरानी रखने और अवैध निर्माण से जुड़ी शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए हैं।

 

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