Justice Technology: एआई चैटबॉट ‘न्याय सेतु’ देगा कानूनी मदद, दिशा 2.0 से 3 करोड़ लोगों तक पहुंचेगी सहायता

Justice Technology: एआई चैटबॉट ‘न्याय सेतु’ देगा कानूनी मदद, दिशा 2.0 से 3 करोड़ लोगों तक पहुंचेगी सहायता

नई दिल्ली, 22 जून। आम नागरिकों के लिए न्याय तक पहुंच को आसान, सुलभ और तकनीक आधारित बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। केंद्रीय विधि एवं न्याय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) अर्जुन राम मेघवाल ने वर्ष 2026-31 के लिए ‘दिशा 2.0’ योजना को मंजूरी दे दी है।

₹255 करोड़ के बजट वाली इस योजना का उद्देश्य देशभर में करीब 3 करोड़ लोगों तक कानूनी सहायता पहुंचाना है। सरकार का कहना है कि इस पहल से आम नागरिकों को समय पर कानूनी जानकारी और सहायता मिल सकेगी, जिससे न्याय व्यवस्था तक उनकी पहुंच और मजबूत होगी।

दिशा 2.0 की सबसे बड़ी खासियत इसके तहत शुरू किया जाने वाला ‘विधि-संजीवनी’ घटक है। इसके अंतर्गत एक केंद्रीकृत डिजिटल प्लेटफॉर्म विकसित किया जाएगा, जिसमें एआई आधारित ‘न्याय सेतु’ चैटबॉट लोगों को कानूनी सहायता उपलब्ध कराने में मदद करेगा।

एआई चैटबॉट ‘न्याय सेतु’ बहुभाषी सुविधा के साथ काम करेगा। इसके जरिए लोग अपनी कानूनी समस्याओं और सवालों के जवाब प्राप्त कर सकेंगे। यह डिजिटल माध्यम से नागरिकों को न्याय सेवाओं से जोड़ने का काम करेगा और कानूनी जानकारी तक पहुंच को आसान बनाएगा।

सरकार के अनुसार दिशा 2.0 योजना के तहत टेली-लॉ, न्याय बंधु, कानूनी साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रम और विधि-संजीवनी जैसे माध्यमों से ग्रामीण क्षेत्रों, आकांक्षी जिलों और दूरदराज इलाकों तक मुफ्त कानूनी सलाह और सहायता पहुंचाई जाएगी।

इस योजना का उद्देश्य उन लोगों तक कानूनी सेवाएं पहुंचाना है, जो आर्थिक या भौगोलिक कारणों से न्याय व्यवस्था तक आसानी से नहीं पहुंच पाते। डिजिटल तकनीक के इस्तेमाल से कानूनी सहायता प्रक्रिया को अधिक प्रभावी और पारदर्शी बनाने का प्रयास किया जाएगा।

केंद्र सरकार ने कहा है कि दिशा 2.0 योजना ‘ईज ऑफ जस्टिस’ को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। यह पहल विकसित भारत-2047 के लक्ष्य और संयुक्त राष्ट्र के सतत विकास लक्ष्य-16 को आगे बढ़ाने में भी मददगार साबित होगी।

 

 

Hot this week

Topics

spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img