Friday, 6 November 2026निष्पक्ष खबरें • बेबाक नज़रिया
TOP STORY
THE COMPLETE NEWSROOMखबर पूरी। नज़रिया साफ़।भारत से आपके शहर तक
▤ ई-पेपर पढ़ें ↗
BREAKING NEWS
Bulandshahr : खुर्जा के डाबर गांव में नकली पनीर की फैक्ट्री पर छापा, 10 क्विंटल माल सीजChandigarh : मेरे घर या अस्पताल से एक भी पैसा बरामद नहीं हुआ; 42 घंटे की रेड के बाद ईडी खाली हाथ लौटी- डॉ. अमनदीप कौर अरोड़ाHapur News : हापुड़ में किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को 10 साल की सजा, 5 हजार का जुर्माना भी लगाHapur News : हापुड़ के उद्योगपति संजय गुप्ता का होगा राष्ट्रीय सम्मान, दिल्ली में मिलेगा ग्लोबल आइकॉन अवार्डLucknow : जिस निष्पक्षता से मिली नौकरी, उसी ईमानदारी से पीड़ित को न्याय दिलाएं वैज्ञानिक अधिकारी- सीएम योगीLucknow : पुलिस महारथी और फॉरेंसिक विभाग सारथी बनकर हर व्यक्ति को दिलाएं न्याय- मुख्यमंत्री योगीAyodhya : ‘पुष्पक विमान’ और ‘राम दरबार’ के साथ ही मोहित करेगी रामायण थीमLucknow : बुजुर्गों के सम्मान और आर्थिक सुरक्षा का सहारा बनी योगी सरकार, 67.50 लाख लोगों को हर महीने मिल रही पेंशन

CISF Firing: कठुआ कैंप में फायरिंग से 4 जवानों की मौत, हेड कांस्टेबल हिरासत में

CISF Firing, Kathua Incident, CISF Personnel, Jammu Kashmir News, Sewa Hydel Project

CISF Firing: कठुआ कैंप में फायरिंग से 4 जवानों की मौत, हेड कांस्टेबल हिरासत में

जम्मू-कश्मीर के कठुआ जिले में CISF कैंप में हुई फायरिंग की घटना में चार जवानों की मौत हो गई। घटना सेवा-2 हाइडल पावर प्रोजेक्ट से जुड़े कैंप में हुई, जहां बिजली परियोजना की सुरक्षा के लिए केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल के कर्मी तैनात हैं। शुरुआती जानकारी के मुताबिक जवानों के बीच किसी विवाद के बाद फायरिंग हुई, हालांकि इसकी वास्तविक वजह अभी जांच के दायरे में है।

रिपोर्टों के अनुसार मंगलवार शाम करीब 7 बजे ड्यूटी बदलने के दौरान CISF कर्मियों के बीच बहस हुई। इसके बाद एक हेड कांस्टेबल ने कथित तौर पर अपने साथियों पर सर्विस हथियार से गोली चलाई। अधिकारियों ने इस घटना को आपसी फायरिंग के रूप में देखा है, लेकिन विवाद की पूरी पृष्ठभूमि की पुष्टि जांच के बाद होगी।

फायरिंग में चार CISF कर्मी गंभीर रूप से घायल हुए। उन्हें उपचार के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां बाद में चारों की मौत हो गई। मृतकों की पहचान असिस्टेंट कमांडेंट और कंपनी कमांडर अंकित कुमार पांडे, सब-इंस्पेक्टर लक्ष्मण सिंह तथा कांस्टेबल संजीव कुमार और मोहम्मद रफीक के रूप में हुई है।

अधिकारियों के मुताबिक आरोपी हेड कांस्टेबल को पुलिस ने हिरासत में लिया है और उससे पूछताछ की जा रही है। शुरुआती रिपोर्टों में उसकी पहचान 2009 बैच के CISF हेड कांस्टेबल के रूप में बताई गई है। पुलिस अब फायरिंग से पहले और बाद की पूरी घटनाक्रम की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

यह घटना कठुआ के बसोहली क्षेत्र स्थित सेवा हाइडल पावर प्रोजेक्ट में हुई। यह स्थान हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले की सीमा के नजदीक स्थित है। अधिकारियों के अनुसार इलाका कठुआ के दूरस्थ हिस्से में आता है और वहां पहुंचने के लिए हिमाचल प्रदेश की तरफ से होकर जाना पड़ता है।

सूचना मिलने के बाद कठुआ पुलिस की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। वरिष्ठ अधिकारी भी घटनास्थल के लिए रवाना हुए। जांच में यह पता लगाने पर ध्यान दिया जा रहा है कि जवानों के बीच विवाद किस बात को लेकर हुआ और स्थिति फायरिंग तक कैसे पहुंची।

CISF मुख्यालय ने घटना की परिस्थितियों की जांच के लिए कोर्ट ऑफ इंक्वायरी के आदेश दिए हैं। CISF महानिदेशक भी मामले की जांच और घटनाक्रम पर नजर रख रहे हैं। फिलहाल फायरिंग के पीछे की वजह के संबंध में कोई अंतिम आधिकारिक निष्कर्ष सामने नहीं आया है।

जांच एजेंसियां घटनास्थल के साक्ष्य, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और ड्यूटी रिकॉर्ड की पड़ताल कर रही हैं। साथ ही यह देखा जा रहा है कि फायरिंग से पहले क्या बातचीत या विवाद हुआ था और सर्विस हथियार का इस्तेमाल किन परिस्थितियों में किया गया।

घटना के बाद सेवा हाइडल परियोजना और आसपास के इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी कदम उठाए गए हैं। पुलिस और CISF की जांच पूरी होने के बाद घटना के कारण और पूरे घटनाक्रम की अधिक स्पष्ट जानकारी सामने आने की उम्मीद है।

 

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया

Avatar photo
संवाददाता

Priyanka Singh

संबंधित खबरें

पाठकों की राय

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *