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Indian Navy: आईएनएस सुनयना ने 16 देशों के साथ रचा समुद्री इतिहास, सफल रहा भारत का IOS SAGAR मिशन

Indian Navy: आईएनएस सुनयना ने 16 देशों के साथ रचा समुद्री इतिहास, सफल रहा भारत का IOS SAGAR मिशन

नई दिल्ली/कोच्चि, 20 मई : भारतीय नौसेना के बहुराष्ट्रीय मिशन ‘आईओएस सागर’ ने हिंद महासागर क्षेत्र में अपनी ऐतिहासिक तैनाती सफलतापूर्वक पूरी कर ली है। इस मिशन के तहत भारतीय युद्धपोत आईएनएस सुनयना मंगलवार को कोच्चि बंदरगाह लौटा, जहां नौसेना की ओर से उसे वाटर कैनन सलामी देकर भव्य स्वागत किया गया। इस अभियान को भारत की समुद्री कूटनीति और क्षेत्रीय सुरक्षा सहयोग के लिहाज से बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

यह मिशन भारतीय नौसेना के नेतृत्व में 16 साझेदार देशों के सहयोग से संचालित किया गया। इनमें बांग्लादेश, इंडोनेशिया, केन्या, मलेशिया, मॉरीशस, मालदीव, मोजाम्बिक, म्यांमार, सेशेल्स, सिंगापुर, दक्षिण अफ्रीका, श्रीलंका, तंजानिया, थाईलैंड, तिमोर-लेस्ते और संयुक्त अरब अमीरात शामिल रहे। मिशन में इन देशों के 38 विदेशी नौसैनिकों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई।

‘वन ओशन, वन मिशन’ की थीम पर आधारित इस अभियान का उद्देश्य हिंद महासागर क्षेत्र में समुद्री सुरक्षा, पारस्परिक सहयोग और नौसैनिक इंटरऑपरेबिलिटी को मजबूत करना था। भारतीय नौसेना ने इस मिशन के जरिए क्षेत्रीय साझेदार देशों के साथ रणनीतिक संबंधों को नई मजबूती देने का प्रयास किया।

मिशन के दौरान आईएनएस सुनयना ने माले, फुकेत, जकार्ता, सिंगापुर, यांगून, चटगांव और कोलंबो सहित कई महत्वपूर्ण बंदरगाहों का दौरा किया। इन दौरों के दौरान संयुक्त नौसैनिक अभ्यास, समुद्री सुरक्षा पर चर्चा और पेशेवर आदान-प्रदान कार्यक्रम आयोजित किए गए। इससे विभिन्न देशों की नौसेनाओं के बीच समन्वय और विश्वास को बढ़ावा मिला।

भारतीय नौसेना के अधिकारियों के अनुसार यह मिशन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘सागर’ (Security and Growth for All in the Region) और ‘महासागर’ विजन को आगे बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। मिशन ने यह संदेश भी दिया कि भारत हिंद महासागर क्षेत्र में एक भरोसेमंद और जिम्मेदार सुरक्षा साझेदार के रूप में उभर रहा है।

आईएनएस सुनयना की सफल वापसी के साथ यह मिशन न केवल भारतीय नौसेना की क्षमता और पेशेवर दक्षता का प्रतीक बना है, बल्कि क्षेत्रीय समुद्री सहयोग के नए अध्याय की शुरुआत भी माना जा रहा है।

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संवाददाता

Priyanka Singh

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