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FLS Survey Noida: गौतम बुद्ध नगर के 11 स्कूलों में फाउंडेशनल लर्निंग सर्वे, टैबलेट से हो रहा ऑनलाइन आकलन

FLS Survey Noida: गौतम बुद्ध नगर के 11 स्कूलों में फाउंडेशनल लर्निंग सर्वे, टैबलेट से हो रहा ऑनलाइन आकलन

Gautam Buddha Nagar जिले में शिक्षा की गुणवत्ता को परखने के लिए फाउंडेशनल लर्निंग स्टडी (FLS) 2026 के तहत एक अहम सर्वे आयोजित किया जा रहा है। इस पहल के तहत जिले के 11 चयनित विद्यालयों में कक्षा 3 के विद्यार्थियों की भाषा और गणितीय दक्षताओं का आकलन किया जा रहा है।

यह सर्वे NCERT नई दिल्ली के निर्देशों और परख संस्था के मार्गदर्शन में किया जा रहा है, जबकि पूरी प्रक्रिया SCERT Uttar Pradesh के निर्देशन में संचालित हो रही है। इसका उद्देश्य छात्रों की बुनियादी सीखने की क्षमता का मूल्यांकन कर शिक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाना है।

इस सर्वे में Dankaur स्थित जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (DIET) के डीएलएड प्रशिक्षु सक्रिय रूप से भाग ले रहे हैं। प्रशिक्षु छात्रों के बीच जाकर उनकी रीडिंग, राइटिंग और बेसिक मैथ्स स्किल्स का मिडलाइन आकलन कर रहे हैं, जिससे यह समझा जा सके कि बच्चों की सीखने की प्रगति किस स्तर पर है।

सर्वे की शुरुआत से पहले 9 अप्रैल को डायट परिसर में प्रशिक्षुओं को विशेष प्रशिक्षण दिया गया। इस प्रशिक्षण सत्र का संचालन डीएलसी भूपेंद्र सिंह और राजेश खन्ना द्वारा किया गया, जिसमें सर्वे की प्रक्रिया, डेटा कलेक्शन और मूल्यांकन के मानकों के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई।

इस वर्ष इस सर्वे की सबसे खास बात यह है कि इसे पहली बार पूरी तरह डिजिटल माध्यम से किया जा रहा है। टैबलेट के जरिए ऑनलाइन डेटा संग्रहण किया जा रहा है, जिससे पारदर्शिता और सटीकता में काफी सुधार देखने को मिल रहा है। इससे न केवल समय की बचत हो रही है बल्कि डेटा की विश्वसनीयता भी बढ़ी है।

डायट की प्राचार्य अर्चना गुप्ता ने स्वयं सर्वे की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और मौके पर चल रहे कार्यों का जायजा लिया। उन्होंने इस पहल को शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण कदम बताते हुए कहा कि इससे छात्रों की वास्तविक सीखने की स्थिति सामने आएगी और भविष्य की योजनाओं को बेहतर तरीके से तैयार किया जा सकेगा।

यह सर्वे शिक्षा के स्तर को सुधारने और छात्रों की बुनियादी क्षमताओं को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है, जिससे आने वाले समय में शिक्षा प्रणाली को और प्रभावी बनाया जा सकेगा।

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संवाददाता

Priyanka Singh

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