उत्तर प्रदेश, लखनऊ: शिक्षा का हुआ कायाकल्प, सुविधा नहीं, मिशन लेकर आगे बढ़ी सरकार

उत्तर प्रदेश, लखनऊ, 21 मार्च। उत्तर प्रदेश में योगी आदित्यनाथ सरकार ने अपने 8 साल के कार्यकाल में शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व बदलाव किए हैं। 2017 में सत्ता संभालने के बाद से प्राइमरी से लेकर उच्च शिक्षा तक को गुणवत्तापरक बनाने के लिए कई ठोस कदम उठाए गए। स्कूलों की बदहाल स्थिति को सुधारने से लेकर नए विश्वविद्यालयों की स्थापना तक, सरकार ने शिक्षा को सशक्त और समावेशी बनाने का संकल्प पूरा किया। योगी सरकार के 8 सालों में शिक्षा सिर्फ सुविधा नहीं, बल्कि एक मिशन बन गई है। ऑपरेशन कायाकल्प से लेकर विश्वविद्यालयों की स्थापना तक, हर कदम बच्चों और युवाओं को वैश्विक मंच पर तैयार करने की दिशा में उठाया गया है। यह बदलाव न केवल शिक्षा का स्तर ऊंचा कर रहा है, बल्कि उत्तर प्रदेश को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने का मार्ग भी प्रशस्त कर रहा है।

ऑपरेशन कायाकल्प से मिली स्कूलों को नई पहचान
2017 में बच्चों के पास यूनिफॉर्म, जूते और बैग तक नहीं थे। योगी सरकार ने ऑपरेशन कायाकल्प के तहत बेसिक शिक्षा परिषद के स्कूलों का कायाकल्प किया। उन्हें आधुनिक सुविधाओं से जोड़ा गया। इसका नतीजा सबके सामने है। आज 1.91 करोड़ बच्चों को दो यूनिफॉर्म, स्वेटर, जूते, बैग, साथ ही स्कूलों में स्मार्ट क्लास, लाइब्रेरी, टॉयलेट और पेयजल की सुविधा उपलब्ध करायी गयी है। हर साल अभिभावकों के खातों में सीधे धनराशि भेजी जा रही है।

शिक्षा का किया गया आधुनिकीकरण
पीएम श्री योजना के तहत 1,565 विद्यालयों में आधुनिक सुविधाएं दी जा रही हैं। 6,481 स्कूलों को नए सिरे से बनाया जा रहा है, ताकि बच्चों को बेहतर माहौल मिले। 57 कंपोजिट विद्यालयों के लिए बजट स्वीकृत किया गया है, जो प्री-प्राइमरी से 12वीं तक एक ही कैंपस में शिक्षा देंगे।

बालिकाओं और ग्रामीण क्षेत्रों पर फोकस
कस्तूरबा गांधी विद्यालय के तहत गरीब बालिकाओं के लिए 8वीं तक सीमित इन स्कूलों को 12वीं तक विस्तारित किया गया। वंटागिया गांवों में शिक्षा के प्रसार के लिए 22 प्राथमिक और 11 उच्च प्राथमिक विद्यालयों का निर्माण, ग्रामीण बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ा गया। अटल आवासीय विद्यालयों के अंतर्गत इंटीग्रेटेड कैंपस के साथ बच्चों को बेहतर शिक्षा का अवसर प्रदान किया गया।

उच्च शिक्षा और तकनीकी प्रशिक्षण में क्रांति
सहारनपुर, अलीगढ़, आजमगढ़, मीरजापुर, देवीपाटन और मुरादाबाद में नए विश्वविद्यालयों की स्थापना की गई, जिसमें से तीन शुरू हो चुके हैं। 150 आईटीआई में एआई, 3डी प्रिंटिंग, ड्रोन और रोबोटिक्स जैसे न्यू एज कोर्स शुरू किये गये। साथ ही 62 नए आईटीआई का भी निर्माण किया गया। यही नहीं, संस्कृत शिक्षा को भी बढ़ावा दिया गया, जिसके अंतर्गत पहली बार पूर्वा से आचार्य स्तर तक छात्रवृत्ति शुरू की गयी, विश्वविद्यालयों को मान्यता प्रदान की गयी।

युवाओं का सशक्तिकरण, बांटे स्मार्टफोन
डिजिटल क्रांति के तहत योगी सरकार ने 2 करोड़ युवाओं को स्मार्टफोन और टैबलेट देने का लक्ष्य रखा और 50 लाख को वितरित भी कर दिया। युवाओं में अनुशासन और देशभक्ति के लिए अकादमी और स्कूलों का निर्माण तेज गति से किया जा रहा है। ब्लॉक और न्याय पंचायत स्तर तक कंपोजिट स्कूलों का विस्तार किया गया है और एक नया एजुकेशन हब बनाने की तैयारी है।

दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा, ‘यमुना के डूब क्षेत्र को साफ करने से भगवान शिव खुश होंगे’, डीडीए द्वारा तोड़फोड़ के खिलाफ याचिका खारिज की

Hot this week

Gorakhpur : गुरु गोरखनाथ का पूजन कर विजयादशमी शोभायात्रा निकालेंगे गोरक्षपीठाधीश्वर

Gorakhpur : विजयादशमी (दशहरा) का पावन पर्व गोरक्षपीठ की...

Varanasi : एयर शो के लिए संवर रही काशी, दीवारों पर उकेरी जा रही गंगा घाटों की छटा

Varanasi : प्रस्तावित एयर शो के मद्देनजर योगी सरकार...

Lucknow : योगी सरकार में समावेशी शिक्षा को नई दिशा, प्रशस्त 2.0 से जुड़े 9.20 लाख शिक्षक

Lucknow : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर...

Topics

Lucknow : योगी सरकार में समावेशी शिक्षा को नई दिशा, प्रशस्त 2.0 से जुड़े 9.20 लाख शिक्षक

Lucknow : मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर...
spot_img

Related Articles

Popular Categories

spot_imgspot_img