Saturday, 7 November 2026निष्पक्ष खबरें • बेबाक नज़रिया
TOP STORY
THE COMPLETE NEWSROOMखबर पूरी। नज़रिया साफ़।भारत से आपके शहर तक
▤ ई-पेपर पढ़ें ↗
BREAKING NEWS
Lucknow : भैया दूज के बाद फिर बंटेंगे नियुक्ति पत्र, शिक्षा, पुलिस, राजस्व में युवाओं को मिलेगी नौकरी- मुख्यमंत्री योगीLucknow : अब कोई भाई-भतीजावाद नहीं, 25 करोड़ जनता ही परिवार- सीएम योगीLucknow : योगी सरकार में पारदर्शी भर्ती से मिली खाकी वर्दी, सीएम के हाथों नियुक्ति पत्र पाकर खिले चेहरेLucknow : दीपावली और छठ पूजा पर अलर्ट मोड में रहेंगे मेडिकल कॉलेज, 24 घंटे सक्रिय रहेंगी इमरजेंसी सेवाएंLucknow : योगी सरकार आपदा में जान गंवाने वालों के परिवार को देगी अब आठ लाख की आर्थिक मददAyodhya : उप राष्ट्रपति के आगमन से दीप प्रज्ज्वलन तक, रामनगरी में मजिस्ट्रेटों को अलग-अलग कमानMathura : वृंदावन में धीरेंद्र शास्त्री के समर्थन में उतरा संत समाज, बोला संतों का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तानChandigarh : चुनाव से पहले विपक्षी नेताओं को डराने-धमकाने के लिए भाजपा ईडी , सीबीआई, इनकम टैक्स और इलेक्शन कमीशन का दुरुपयोग कर रही है- हरपाल सिंह चीमा

सीईओ ने चार जूनियर इंजीनियर को किया बर्खास्त

नोएडा प्राधिकरण में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है
नोएडा प्राधिकरण में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है

अमर सैनी

नोएडा। नोएडा प्राधिकरण में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार का मामला सामने आया है। प्राधिकरण के बिजली और आईएसटीएमएस विभाग में कार्यरत चार जूनियर इंजीनियरों (जेई) की संविदा समाप्त कर दी गई है। यह कार्रवाई सीईओ डॉ. लोकेश एम. ने उनके के खिलाफ मिली शिकायतों और जांच के बाद की है। यह भी पता चला कि ये चारों जेई प्राधिकरण में ही कार्यरत कुछ वरिष्ठ अधिकारियों और बाबुओं के रिश्तेदार हैं।

सूत्रों ने बताया कि सीईओ को शिकायत मिली थी कि इन जेई की नियुक्ति में बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार हुआ हैं। इसके अलावा, यह भी पता चला कि ये चारों जेई प्राधिकरण में ही कार्यरत कुछ वरिष्ठ अधिकारियों और बाबुओं के रिश्तेदार हैं। इन बाबुओं का बोल बाला इतना है कि कई सालों से इनके विभाग नहीं बदले हैं। इस मामले में विशेष रूप से बिजली विभाग के एक अधिकारी की भूमिका संदिग्ध पाई गई है। उन पर आरोप है कि उन्होंने इन नियुक्तियों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और नियुक्ति करने के लिए मोटी रकम वसूली है। प्राधिकरण के सूत्रों का कहना है कि इस अधिकारी के खिलाफ भी जांच की जा रही है। इस अधिकारी के खिलाफ रिपोर्ट तैयार कर रही है, जो आने वाले दिनों में शासन को भेजी जाएगी।

नियुक्ति प्रक्रिया पर उठाए सवाल

जानकारी के अनुसार, रूप सैनी से मोटा पैसा लेकर उसे इंटीग्रेटेड पेट्रोकेमिकल मशीनरी सिस्टम में भर्ती किया गया है। उसके पास जो डिग्री है, वह कंप्यूटर साइंस की है। ई एंड एम 2 में युवा चौधरी को सात्विकता लेबल किया गया है। जो जल खंड में मदन पाल चौधरी का बेटा है, करीब 20 सालों से मदन पाल (जल खंड) में तैनात है। ईएनडीएम-1 में प्रतीकात्मक रूप से राय प्रताप सिंह को दिखाया गया है, जो कई सिंह का आधिकारिक रूप से मान्यता प्राप्त एमबीए है। इन सभी की नियुक्ति कुछ महीने पहले ही हुई थी। लेकिन जल्द ही इनकी नियुक्ति प्रक्रिया पर सवाल उठने लगे। यह खुलासा प्राधिकरण में भाई-भतीजावाद के आरोपों को और बल देता है। हालांकि सूत्रों की माने तो नोएडा प्राधिकरण में ऐसे अनेक कर्मचारी फर्जी तरीके से तैनात हैं।

सीईओ बोले जांच जारी

नोएडा प्राधिकरण सीईओ डॉ. लोकेश एम. ने बताया कि चारों जेई को नौकरी से हटा दिया गया है। इन कर्मचारियों के खिलाफ गंभीर शिकायतें मिली थीं। जांच में ये शिकायतें सही पाई गईं, जिसके बाद यह कठोर कदम उठाया गया है। इस मामले में जांच जारी है, आगे जांच में जो भी दोषी पाया जाएगा उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया

संवाददाता

Editor

संबंधित खबरें

पाठकों की राय

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *