Saturday, 7 November 2026निष्पक्ष खबरें • बेबाक नज़रिया
TOP STORY
THE COMPLETE NEWSROOMखबर पूरी। नज़रिया साफ़।भारत से आपके शहर तक
▤ ई-पेपर पढ़ें ↗
BREAKING NEWS
Lucknow : भैया दूज के बाद फिर बंटेंगे नियुक्ति पत्र, शिक्षा, पुलिस, राजस्व में युवाओं को मिलेगी नौकरी- मुख्यमंत्री योगीLucknow : अब कोई भाई-भतीजावाद नहीं, 25 करोड़ जनता ही परिवार- सीएम योगीLucknow : योगी सरकार में पारदर्शी भर्ती से मिली खाकी वर्दी, सीएम के हाथों नियुक्ति पत्र पाकर खिले चेहरेLucknow : दीपावली और छठ पूजा पर अलर्ट मोड में रहेंगे मेडिकल कॉलेज, 24 घंटे सक्रिय रहेंगी इमरजेंसी सेवाएंLucknow : योगी सरकार आपदा में जान गंवाने वालों के परिवार को देगी अब आठ लाख की आर्थिक मददAyodhya : उप राष्ट्रपति के आगमन से दीप प्रज्ज्वलन तक, रामनगरी में मजिस्ट्रेटों को अलग-अलग कमानMathura : वृंदावन में धीरेंद्र शास्त्री के समर्थन में उतरा संत समाज, बोला संतों का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तानChandigarh : चुनाव से पहले विपक्षी नेताओं को डराने-धमकाने के लिए भाजपा ईडी , सीबीआई, इनकम टैक्स और इलेक्शन कमीशन का दुरुपयोग कर रही है- हरपाल सिंह चीमा

नई दिल्ली: जंक फूड का अधिक प्रयोग दे रहा शरीर को रोग

नई दिल्ली: जंक फूड का अधिक प्रयोग दे रहा शरीर को रोग
-अच्छे स्वास्थ्य के लिए दैनिक भोजन में दालों, सब्जियों, फलों और मोटे अनाज को करें शामिल

नई दिल्ली, 20 अप्रैल : आजकल दैनिक भोजन में दाल, सब्जी और फल की बजाय ऐसे खाद्य पदार्थों का अधिक सेवन किया जा रहा है जो स्वास्थ्य के लिए हानिकारक है। जंक फूड और फास्ट फूड ऐसे ही खाद्य पदार्थ हैं जो देश में ना सिर्फ 56% रोगों की प्रमुख वजह बने हुए हैं। बल्कि बच्चों, बूढ़ों और जवानों को 100% तक प्रभावित कर रहे हैं।

एम्स दिल्ली के गैस्ट्रोएंटरोलॉजी विभाग के डॉ सौम्य जगन्नाथ महापात्र ने कहा कि जंक फूड और फास्ट फूड लोगों की सेहत के लिए नुकसानदायक हैं। ये ऐसे खाद्य पदार्थ हैं जो पैकेट बंद स्वरूप में उपलब्ध होते हैं या कम समय में पककर तैयार हो जाते हैं। इनमें ज्यादा कैलोरी, ज्यादा कोलेस्ट्रॉल, ज्यादा ट्राईग्लिसेराइड्स, ज्यादा शुगर, ज्यादा सोडियम होते हैं और और फाइबर बेहद कम होते हैं। यानि पोषक तत्वों की कमी होने के चलते शरीर बीमार हो जाता है।

डॉ महापात्र ने कहा, उक्त फूड के प्रचलन के पीछे आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में समय का अभाव प्रमुख कारण है। अक्सर समय की कमी और कभी -कभी आलस की वजह से लोग फास्ट फूड या जंक फूड खाना शुरू कर देते हैं। चूंकि यह कम समय में तैयार हो जाता है और इसका ‘लुक’ भी लोगों को आकर्षित करता है। साथ ही इसे चलते- फिरते भी खाया जा सकता है। इसका नियमित खान-पान धीरे -धीरे आदत में शामिल हो जाता है।

उन्होंने बताया कि जंक फूड के अधिक प्रयोग से व्यक्ति की रक्त वाहिकाएं संकीर्ण हो जाती हैं जिससे हृदय रोग, किडनी रोग और लिवर रोग होने का खतरा बढ़ जाता है। सांस लेने में दिक्कत आती है। दांतों में कैविटी हो जाती है। हड्डियां कमजोर होती हैं। याददाश्त कमजोर होती है और मानसिक स्वास्थ्य पर असर पड़ता है। यही नहीं व्यक्ति अवसाद और मोटापे का भी शिकार बन सकता है।

क्या है जंक/फास्ट फूड ?
जंक फूड के नाम में ही जंक यानि कबाड़ शब्द शामिल है। ये ऐसा फूड है जो कबाड़ या बेकार है। इसमें प्रिजर्वेटिव शामिल होते हैं जो सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं। जंक फूड में पैकेट बंद खाद्य पदार्थ (चिप्स, चॉकलेट, पैटीज, कोल्ड ड्रिंक) शामिल होते हैं जिनमें वसा, चीनी, नमक की मात्रा अधिक होती है। जबकि फास्ट फूड का मतलब आसानी से उपलब्ध भोजन से है जो रेस्तरां या कैफे से जल्दी से खरीदा जा सकता है। जैसे बर्गर, पिज्जा, पास्ता और फ्रेंच फ्राइज आदि। ये भोजन के विकल्प तो बन रहे हैं। मगर बेहद कम पोषण होने के चलते स्वास्थ्य के लिए फायदेमंद साबित नहीं हो रहे हैं।

समस्या
जंक फूड खाने से कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं, जैसे कि वजन बढ़ना, हृदय रोग, मधुमेह, कैंसर, पाचन संबंधी समस्याएं, अवसाद, स्ट्रोक और समय से पहले मृत्यु का खतरा।

बचाव
जंक फूड के दुष्प्रभावों से बचने के लिए सबसे पहले जंक फूड सेवन में कमी लाएं। अपने दैनिक जीवन में संतुलित आहार लें। ताजे फल, दाल, सब्जियां, मोटे अनाज (श्री अन्न) और कम फैट वाले अन्य प्रोटीन खाएं।

ममूटी ने कहा कि उन्हें ‘मेगास्टार’ की उपाधि पसंद नहीं है, उन्हें लगता है कि उनके जाने के बाद लोग उन्हें याद नहीं रखेंगे

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया

संवाददाता

Editor

संबंधित खबरें