ICG aviation safety: आईसीजी ने विमानन सुरक्षा में बढ़ाई प्रतिबद्धता, पहला उड़ान सुरक्षा सेमिनार और वार्षिक बैठक संपन्न
नई दिल्ली। भारतीय तटरक्षक बल (आईसीजी) ने बुधवार को सैम मानेकशॉ सेंटर, नई दिल्ली में अपना पहला उड़ान सुरक्षा सेमिनार और पहली वार्षिक उड़ान सुरक्षा बैठक आयोजित की। यह पहल समुद्री क्षेत्र में विमानन सुरक्षा को और सुदृढ़ करने और परिचालन सेवा में उत्कृष्टता प्राप्त करने के लिए आईसीजी की प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
इस अवसर पर नागरिक उड्डयन मंत्रालय के सचिव समीर कुमार सिन्हा ने तटरक्षक विमानन की भूमिका और समुद्री हितों की रक्षा में इसकी अहमियत पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि विमानन संचालन में मजबूत सुरक्षा संस्कृति बनाए रखना अत्यंत महत्वपूर्ण है। उन्होंने समुद्री सुरक्षा, खोज और बचाव, और मानवीय मिशनों में तटरक्षक बल की हवाई संपत्तियों की व्यावसायिकता, पहुंच और जवाबदेही की सराहना की।
वार्षिक उड़ान सुरक्षा बैठक में मौजूदा उड़ान सुरक्षा उपायों की व्यापक समीक्षा की गई। विभिन्न इकाइयों से प्राप्त परिचालन इनपुट पर चर्चा की गई, ताकि तटरक्षक विमानन में सुरक्षा ढांचे को और अधिक मजबूत किया जा सके।
सेमिनार में प्रतिष्ठित सैन्य और नागरिक उड्डयन विशेषज्ञों ने विमानन सुरक्षा, संचालन, उड़ान योग्यता और मानवीय कारकों जैसे विभिन्न पहलुओं पर व्याख्यान दिए। इन सत्रों ने प्रतिभागियों के बीच ज्ञान और सर्वोत्तम प्रथाओं के आदान-प्रदान को बढ़ावा दिया।
आईसीजी कर्मियों के अलावा, रक्षा सेवाओं, नागरिक उड्डयन अधिकारियों और संबद्ध संगठनों के प्रतिनिधियों ने भी कार्यक्रम में भाग लिया। यह सहयोगात्मक और संयुक्त दृष्टिकोण विमानन सुरक्षा के महत्व को उजागर करता है और समुद्री सुरक्षा में आईसीजी की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।


