Greater Noida Logistics Park: दुबई की DP World ने लगाई सबसे ऊंची बोली, 174 एकड़ में विकसित होगा मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क
नोएडा। ग्रेटर नोएडा के सेक्टर कप्पा-टू में प्रस्तावित मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क (MMLP) के विकास की दिशा में महत्वपूर्ण प्रगति हुई है। परियोजना के लिए हुई ई-नीलामी में दुबई की लॉजिस्टिक्स और पोर्ट ऑपरेटर कंपनी डीपी वर्ल्ड ने सबसे ऊंची बोली लगाई है। कंपनी ने अदाणी समूह समेत अन्य प्रतिस्पर्धी कंपनियों को पीछे छोड़ते हुए 15,180 रुपये प्रति वर्गमीटर की दर से जमीन लेने पर सहमति जताई है। हालांकि कंपनी के चयन पर अंतिम मुहर शासन की उच्चस्तरीय समिति की जांच और कैबिनेट की मंजूरी के बाद लगेगी।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के अधिकारियों के मुताबिक बोड़ाकी गांव के पास सेक्टर कप्पा-टू में करीब 174.12 एकड़ भूमि पर मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क विकसित करने की योजना है। परियोजना के लिए विकासकर्ता कंपनी का चयन करने के उद्देश्य से वैश्विक निविदा जारी की गई थी। इस प्रक्रिया में कुल छह कंपनियों ने रुचि दिखाई थी।
तीन सितंबर को परियोजना के लिए ई-नीलामी आयोजित की गई। इसमें डीपी वर्ल्ड और अदाणी समूह समेत तीन कंपनियों के बीच प्रतिस्पर्धा हुई। प्राधिकरण ने जमीन का आरक्षित मूल्य 11 हजार रुपये प्रति वर्गमीटर निर्धारित किया था। नीलामी में डीपी वर्ल्ड ने 15,180 रुपये प्रति वर्गमीटर की सर्वाधिक बोली लगाकर बढ़त हासिल की।
अब ई-नीलामी के परिणाम और पूरी प्रक्रिया को शासन की उच्चस्तरीय समिति के समक्ष रखा जाएगा। समिति द्वारा परीक्षण किए जाने के बाद प्रस्ताव कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। कैबिनेट से स्वीकृति मिलने के बाद ही विकासकर्ता कंपनी के चयन की प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जाएगा।
परियोजना की शर्तों के अनुसार सरकार की ओर से इसमें 30 प्रतिशत लैंड सब्सिडी यानी भूमि अनुदान दिया जाएगा। चयनित कंपनी को परियोजना को सात वर्ष के भीतर पूरा करना होगा। साथ ही शुरुआती तीन वर्षों में कम से कम 40 प्रतिशत निर्माण एवं विकास कार्य पूरा करना अनिवार्य होगा।
मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क के विकास पर कंपनी को 1,200 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश करना होगा। परियोजना को आधुनिक लॉजिस्टिक्स जरूरतों को ध्यान में रखकर विकसित किया जाएगा। यहां अत्याधुनिक वेयरहाउसिंग, कोल्ड स्टोरेज, कंटेनर टर्मिनल, मशीनीकृत कार्गो हैंडलिंग और कस्टम क्लीयरेंस जैसी सुविधाएं विकसित करने की योजना है।
लॉजिस्टिक पार्क तैयार होने के बाद ग्रेटर नोएडा और आसपास के औद्योगिक क्षेत्रों में माल के भंडारण और परिवहन की सुविधाएं मजबूत होने की उम्मीद है। सड़क और रेलवे नेटवर्क से जुड़ने के कारण उद्योगों को माल एक स्थान से दूसरे स्थान तक पहुंचाने के लिए बेहतर कनेक्टिविटी उपलब्ध होगी।
परियोजना स्थल की सड़क कनेक्टिविटी बेहतर बनाने पर भी काम शुरू किया गया है। सेक्टर कप्पा-टू को 130 मीटर चौड़ी सड़क से जोड़ने की योजना है। इस सड़क का विस्तार आगे यमुना सिटी तक प्रस्तावित है, जिससे मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क से नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट की तरफ आवागमन भी आसान हो सकेगा।
ग्रेटर नोएडा के मिग्सन गोलचक्कर से मकौड़ा गोलचक्कर के बीच की सड़क को छह लेन का बनाया जा रहा है। यह मार्ग मकौड़ा गोलचक्कर से आगे 105 मीटर चौड़ी सड़क से जुड़ता है। इस सड़क नेटवर्क का सीधा लाभ लॉजिस्टिक पार्क से होने वाली माल ढुलाई और औद्योगिक यातायात को मिलने की उम्मीद है।
सड़क नेटवर्क के अलावा परियोजना को रेलवे से जोड़ने की भी योजना है। प्राधिकरण के अधिकारियों के अनुसार मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क तक अलग रेलवे लाइन बिछाई जाएगी। इसे डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया लिमिटेड (DFCCIL) के नेटवर्क से जोड़ा जाएगा।
रेल कनेक्टिविटी मिलने से औद्योगिक इकाइयों को बड़े पैमाने पर माल ढुलाई में सुविधा मिलेगी। सड़क, रेल और एयरपोर्ट से कनेक्टिविटी के कारण इस परियोजना को ग्रेटर नोएडा और यमुना एक्सप्रेसवे क्षेत्र के औद्योगिक एवं लॉजिस्टिक्स नेटवर्क के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
डीपी वर्ल्ड दुबई की प्रमुख बहुराष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स और पोर्ट ऑपरेटर कंपनी है। कंपनी बंदरगाह संचालन, समुद्री सेवाओं और सप्लाई चेन से संबंधित विभिन्न सेवाएं उपलब्ध कराती है। ई-नीलामी में सर्वाधिक बोली लगाने के बाद अब कंपनी को शासन स्तर की आगामी प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार करना होगा।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के एसीईओ सौम्य श्रीवास्तव के मुताबिक मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक पार्क के लिए ई-नीलामी की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और डीपी वर्ल्ड ने सबसे ऊंची बोली लगाई है। उन्होंने बताया कि अब शासन की उच्चस्तरीय समिति द्वारा प्रक्रिया की जांच की जाएगी, जिसके बाद कैबिनेट से अंतिम मंजूरी ली जाएगी।


