Run For Unity: मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने पंचकूला में ‘रन फॉर यूनिटी’ को दिखाई हरी झंडी, दौड़ में स्वयं भी लिया भाग
रिपोर्ट :कोमल रमोला
पंचकूला (कोमल रमोला)। सरदार वल्लभभाई पटेल की 151वीं जयंती और राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने शुक्रवार को पंचकूला में आयोजित ‘रन फॉर यूनिटी’ कार्यक्रम में भाग लिया। मुख्यमंत्री ने एचएसवीपी शिवालिक कंट्री क्लब, एमडीसी, सेक्टर-1 से दौड़ को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन करते हुए उन पर पुष्प वर्षा की और स्वयं भी दौड़ में शामिल हुए। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेशवासियों से विकसित हरियाणा के साथ-साथ सशक्त और एकजुट भारत के निर्माण में योगदान देने का आह्वान किया।
मुख्यमंत्री ने युवाओं से विशेष रूप से अपील की कि वे सोशल मीडिया पर किसी भी संदेश को आगे साझा करने से पहले उसकी सत्यता की जांच अवश्य करें। उन्होंने कहा कि अफवाहों और समाज में भेदभाव को बढ़ावा देने वाली बातों से बचना जरूरी है। युवाओं के छोटे-छोटे जिम्मेदार कदम समाज में विश्वास, आपसी भाईचारे और सद्भाव को मजबूत कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि देशभक्ति के उत्साह और भारत की एकता के प्रति सामूहिक संकल्प के साथ आयोजित यह दौड़ पूरे देश को संदेश देती है कि हम सभी एक हैं और भारत की एकता एवं अखंडता को सदैव बनाए रखेंगे।
सरदार वल्लभभाई पटेल के योगदान को याद करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी के समय भारत अनेक चुनौतियों से गुजर रहा था। देश विभाजन की पीड़ा झेल रहा था और सैकड़ों रियासतों को एक राष्ट्र के सूत्र में पिरोने का कठिन दायित्व सामने था। स्वतंत्र भारत के पहले उपप्रधानमंत्री और गृह मंत्री के रूप में सरदार पटेल ने अपनी दूरदृष्टि, संवाद कौशल और दृढ़ इच्छाशक्ति के बल पर 560 से अधिक रियासतों के एकीकरण में निर्णायक भूमिका निभाई। उन्होंने आधुनिक भारत की एकता और अखंडता की मजबूत नींव रखी। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन यह सिखाता है कि संकल्प दृढ़ हो, नीयत साफ हो और राष्ट्रहित सर्वोपरि हो तो कठिन से कठिन लक्ष्य भी हासिल किए जा सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने प्रदेशवासियों से सरदार पटेल की जनसेवा, अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की विरासत को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि देश में भाषाएं, पहनावे और परंपराएं अलग-अलग हो सकती हैं, लेकिन संविधान, तिरंगा और राष्ट्रीय पहचान सभी को एक सूत्र में बांधते हैं। प्रत्येक भाषा और संस्कृति का सम्मान करने तथा एक-दूसरे के सुख-दुख में सहभागी बनने से राष्ट्रीय एकता को दैनिक जीवन में और मजबूत किया जा सकता है।
नायब सिंह सैनी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों से प्रेरित ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ के संकल्प को आगे बढ़ाया है। विभिन्न राज्यों की भाषाओं, संस्कृतियों और परंपराओं के बीच संवाद और आत्मीयता बढ़ाने का यह प्रयास देशवासियों को एक-दूसरे के करीब लाता है। उन्होंने गुजरात में स्थापित सरदार पटेल की 182 मीटर ऊंची ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी’ का उल्लेख करते हुए कहा कि यह स्मारक उनके विराट योगदान की याद दिलाता है। यह इस बात का प्रतीक है कि एकजुट राष्ट्र अपने परिश्रम और दृढ़ संकल्प के बल पर कितनी ऊंचाइयों तक पहुंच सकता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि हरियाणा में राष्ट्रसेवा की गौरवशाली परंपरा रही है। प्रदेश के जवान सीमाओं पर देश की रक्षा करते हैं, किसान खेतों में मेहनत करते हैं और खिलाड़ी अंतरराष्ट्रीय खेल मैदानों में तिरंगे का मान बढ़ाते हैं। उन्होंने कहा कि एक नवंबर को हरियाणा अपने गठन के 60 वर्ष पूरे करेगा। इस अवसर की पूर्व संध्या पर सभी को यह संकल्प लेना चाहिए कि प्रदेश की प्रगति के साथ-साथ देश की एकता को भी और मजबूत बनाया जाएगा।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने उपस्थित लोगों और प्रतिभागियों को राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा बनाए रखने की शपथ भी दिलाई। ‘रन फॉर यूनिटी’ में युवाओं और बच्चों ने पूरे उत्साह के साथ भाग लिया। देशभक्ति के गीतों और ‘भारत माता की जय’ के नारों के बीच प्रतिभागियों ने दौड़ लगाकर राष्ट्रीय एकता, अखंडता और सुरक्षा का संदेश दिया। यह दौड़ एचएसवीपी शिवालिक कंट्री क्लब, एमडीसी, सेक्टर-1, पंचकूला से शुरू होकर माता मनसा देवी मंदिर परिसर में संपन्न हुई।
इस अवसर पर राज्यसभा सांसद रेखा शर्मा, कालका की विधायक शक्ति रानी शर्मा, उपायुक्त सतपाल शर्मा, पुलिस आयुक्त पंकज नैन, अतिरिक्त उपायुक्त विवेक आर्य, पुलिस उपायुक्त अदिति सिंह, भाजपा जिला अध्यक्ष अजय मित्तल, हरियाणा विमुक्त घुमंतु जाति विकास बोर्ड के चेयरमैन जसमेर बंजारा, एसडीएम पंचकूला मन्नत राणा और एसडीएम कालका संयम गर्ग सहित बड़ी संख्या में प्रतिभागी उपस्थित रहे।





