ESIC Nursing Officers: अनिवार्य तबादलों के विरोध में नर्सिंग अधिकारियों का देशव्यापी आंदोलन शुरू, 22 जुलाई से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी
नई दिल्ली। कर्मचारी राज्य बीमा निगम (ESIC) के नर्सिंग अधिकारियों ने अनिवार्य तबादलों और ट्रेड यूनियन अधिकारों के कथित दमन के विरोध में देशव्यापी आंदोलन शुरू कर दिया है। ऑल इंडिया ईएसआईसी नर्सिंग ऑफिसर्स फेडरेशन के आह्वान पर 16 जुलाई से 18 जुलाई तक देशभर के ईएसआईसी अस्पतालों, मेडिकल संस्थानों और डिस्पेंसरी कम ब्रांच ऑफिस (DCBO) में नर्सिंग अधिकारी ब्लैक बैज पहनकर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं। संगठन का आरोप है कि वार्षिक सामान्य स्थानांतरण-2026 के तहत बड़ी संख्या में नर्सिंग अधिकारियों के तबादले नियमों और स्थानांतरण नीति के विपरीत किए गए हैं।
फेडरेशन का कहना है कि स्थानांतरण प्रक्रिया में पारदर्शिता का अभाव रहा है और कई नर्सिंग अधिकारियों को मनमाने तथा भेदभावपूर्ण तरीके से दूर-दराज के राज्यों में भेज दिया गया है। संगठन के अनुसार इन तबादलों से सबसे अधिक प्रभावित महिला नर्सिंग अधिकारी हैं, जिनकी पारिवारिक जिम्मेदारियों, छोटे बच्चों, बुजुर्ग अभिभावकों और अन्य मानवीय परिस्थितियों को नजरअंदाज किया गया है। उनका कहना है कि कई कर्मचारियों को हजारों किलोमीटर दूर स्थानांतरित कर दिया गया है, जिससे उनके परिवार और पेशेवर जीवन पर गंभीर प्रभाव पड़ सकता है।
फेडरेशन ने आरोप लगाया कि कर्मचारियों की समस्याओं को सुनने के बजाय उनकी आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। संगठन का कहना है कि उसने अपनी मांगों को लेकर केंद्र सरकार और संबंधित अधिकारियों के समक्ष कई बार मुद्दा उठाया, लेकिन अब तक कोई सकारात्मक समाधान नहीं निकला है।
इसी के चलते ऑल इंडिया ईएसआईसी नर्सिंग ऑफिसर्स फेडरेशन ने केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री को औपचारिक हड़ताल नोटिस भी सौंप दिया है। संगठन ने चरणबद्ध आंदोलन की घोषणा करते हुए कहा है कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।
घोषित कार्यक्रम के अनुसार 20 जुलाई को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर देशभर से आए नर्सिंग अधिकारी प्रदर्शन और मार्च निकालेंगे। इसके बाद 21 जुलाई को सामूहिक आकस्मिक अवकाश (Mass Casual Leave) लेकर विरोध दर्ज कराया जाएगा। यदि इसके बावजूद सरकार और ईएसआईसी प्रबंधन की ओर से कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया तो 22 जुलाई से देशभर में अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू की जाएगी।
फेडरेशन ने अपनी प्रमुख मांगों में वार्षिक सामान्य स्थानांतरण-2026 के तहत जारी सभी विवादित तबादला आदेशों को तत्काल वापस लेने, नई स्थानांतरण नीति तैयार करने से पहले कर्मचारी संगठनों से व्यापक परामर्श करने तथा नर्सिंग अधिकारियों के अधिकारों और हितों की रक्षा सुनिश्चित करने की मांग की है।
संगठन का कहना है कि जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक कार्रवाई नहीं होती, तब तक लोकतांत्रिक तरीके से आंदोलन जारी रहेगा। वहीं, यदि प्रस्तावित हड़ताल होती है तो इसका असर देशभर के ईएसआईसी अस्पतालों और स्वास्थ्य सेवाओं पर पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
