Telangana FCDA: तेलंगाना एफसीडीए प्रतिनिधिमंडल ने ग्रेटर नोएडा का दौरा कर टाउनशिप विकास का अध्ययन किया
नोएडा। तेलंगाना सरकार के फ्यूचर सिटी डेवलपमेंट अथॉरिटी (FCDA) का एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल मंगलवार को ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण (GNIDA) का दौरा करने के लिए आया। प्रतिनिधिमंडल ने हैदराबाद के नजदीक औद्योगिक टाउनशिप विकसित करने की योजना के तहत ग्रेटर नोएडा के नियोजन, भूमि अधिग्रहण और इंफ्रास्ट्रक्चर मॉडल की जानकारी प्राप्त की।
ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण के सीईओ एनजी रवि कुमार के निर्देश पर वरिष्ठ अधिकारियों ने प्रतिनिधिमंडल को ग्रेटर नोएडा की योजनाओं, मास्टर प्लान, सेक्टर ले-आउट, बिल्डिंग बायलॉज, भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया और किसानों को दिए जाने वाले लाभों की विस्तृत जानकारी दी। प्राधिकरण के नियोजन विभाग ने टाउनशिप के अवसंरचना और बसावट मॉडल के बारे में बताया।
प्रतिनिधिमंडल में तेलंगाना के डिप्टी कलेक्टर (स्पेशल ग्रेड) वेंकटेश्वर लू, प्लानिंग ऑफिसर स्नेहमाला, डिप्टी एक्जीक्युटिव इंजीनियर वेंकट किरन और सहायक अर्बन प्लानर अक्षय कुमार शामिल थे। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की ओर से एसीईओ सुमित यादव, महाप्रबंधक वित्त स्वतंत्र गुप्ता, प्रधान महाप्रबंधक संदीप चंद्रा, ओएसडी नवीन कुमार सिंह और प्रबंधक अरविंद मोहन ने प्रतिनिधिमंडल का स्वागत कर उन्हें सभी विभागीय प्रक्रियाओं और नीतियों से अवगत कराया।
वित्त विभाग ने ग्रेटर नोएडा के वित्तीय मॉड्यूल और स्ववित्त पोषित बनाने की प्रक्रिया की जानकारी दी। उद्योग विभाग ने औद्योगिक नीतियों, योजनाओं और आवंटन प्रक्रिया के बारे में विस्तृत विवरण साझा किया। प्रतिनिधिमंडल ने आईआईटीजीएनएल की इंटीग्रेटेड इंडस्ट्रियल टाउनशिप का भ्रमण भी किया, जहां टाउनशिप के प्लग एंड प्ले सिस्टम, वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट, बिजली और पानी की 24 घंटे उपलब्धता को देखा और सराहा।
प्रतिनिधिमंडल ने ग्रेटर नोएडा और आईआईटीजीएनएल के मॉडल को अत्यधिक प्रभावशाली बताया और कहा कि यहां से प्राप्त अनुभव और जानकारी तेलंगाना में नए औद्योगिक टाउनशिप के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। प्रतिनिधिमंडल ने भविष्य के शहर निर्माण में ग्रेटर नोएडा के नियोजन और इंफ्रास्ट्रक्चर मॉडल को अपनाने की संभावनाओं पर विचार किया।
इस दौरे के दौरान दोनों प्राधिकरणों के बीच ज्ञान और अनुभव का आदान-प्रदान हुआ, जिससे नई औद्योगिक टाउनशिप योजना की रूपरेखा और संचालन में मदद मिलेगी। ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण की टीम ने प्रतिनिधिमंडल को विस्तार से समझाया कि कैसे एक टाउनशिप को व्यवस्थित और निवेश-सक्षम बनाया जा सकता है।


