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Ghaziabad Spy Network Busted: गोपनीय सूचनाएं विदेश भेजने वाले गैंग का भंडाफोड़, 3 और आरोपी गिरफ्तार

Ghaziabad Spy Network Busted: गोपनीय सूचनाएं विदेश भेजने वाले गैंग का भंडाफोड़, 3 और आरोपी गिरफ्तार

रिपोर्ट: अजीत कुमार

गाजियाबाद में देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त एक बड़े गिरोह का खुलासा हुआ है, जहां सुरक्षा से जुड़ी संवेदनशील जानकारी विदेश भेजने के आरोप में तीन और आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है। धवल जायसवाल की निगरानी में की गई इस कार्रवाई में अब तक कुल 21 आरोपियों की गिरफ्तारी हो चुकी है, जिससे पूरे नेटवर्क का बड़ा खुलासा हुआ है।

पुलिस को थाना कौशांबी क्षेत्र से सूचना मिली थी कि भोवापुर इलाके में कुछ युवक संदिग्ध गतिविधियों में शामिल हैं और वे रेलवे स्टेशन तथा सुरक्षा बलों के ठिकानों की वीडियो रिकॉर्डिंग कर उसे बाहरी लोगों को भेज रहे हैं। इस सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने एक विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया, जिसने गहन जांच और तकनीकी निगरानी के आधार पर इस गिरोह का पर्दाफाश किया।

जांच में सामने आया कि यह पूरा नेटवर्क सीमापार से संचालित हो रहा था और इसके मुख्य संचालक के रूप में सुहैल मलिक, नौशाद अली और समीर उर्फ शूटर के नाम सामने आए हैं। पुलिस पहले ही सुहैल मलिक और नौशाद अली को गिरफ्तार कर चुकी है, जबकि समीर से पूछताछ के बाद कई अहम खुलासे हुए हैं।

पूछताछ के दौरान आरोपी समीर ने बताया कि वर्ष 2023-24 में उसने हथियारों के साथ अपने फोटो और वीडियो सोशल मीडिया पर पोस्ट किए थे, जिसके बाद गिरोह के सदस्यों ने उससे संपर्क किया और उसे व्हाट्सएप ग्रुप्स के माध्यम से इस नेटवर्क से जोड़ लिया गया। इसके बाद उसे देश के विभिन्न हिस्सों में स्थित सुरक्षा प्रतिष्ठानों, रेलवे स्टेशनों और अन्य महत्वपूर्ण स्थानों की रेकी कर उनकी फोटो, वीडियो और जीपीएस लोकेशन विदेशी नंबरों पर भेजने का काम सौंपा गया।

आरोपियों को इस काम के लिए विशेष मोबाइल एप डाउनलोड कराए गए थे और उन्हें इसके इस्तेमाल की ट्रेनिंग भी दी गई थी। इतना ही नहीं, गिरोह के सदस्य पैसों का लालच देकर अन्य युवाओं को भी इस नेटवर्क से जोड़ते थे और उनसे भी इसी तरह की गतिविधियां कराते थे।

जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी समीर और उसके साथियों ने मध्य प्रदेश में हथियार तस्करी जैसी गतिविधियों में भी हिस्सा लिया था। वहीं, एक अन्य आरोपी ने बताया कि उसने सोनीपत में सीसीटीवी कैमरे लगाकर उनकी फुटेज भी गिरोह तक पहुंचाई, जिसके बदले उसे पैसे दिए गए।

पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से मोबाइल फोन बरामद किए हैं, जिनमें कई अहम डिजिटल साक्ष्य मिले हैं। इन साक्ष्यों के आधार पर पुलिस अब इस नेटवर्क के अन्य सदस्यों और इसके अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन की गहराई से जांच कर रही है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह मामला राष्ट्रीय सुरक्षा से जुड़ा हुआ है, इसलिए इसमें किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा और जल्द ही पूरे नेटवर्क का पूरी तरह से खुलासा किया जाएगा। इस कार्रवाई ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि सुरक्षा एजेंसियां देश विरोधी गतिविधियों पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और समय रहते ऐसे नेटवर्क को खत्म करने के लिए सतर्क हैं।

 

 

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संवाददाता

Tirthankar Sarkar

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