Bengaluru Triple Murder: वारदात से पहले AI से हमले से जुड़े सवाल, आरोपी के लैपटॉप की जांच में डिजिटल सुराग
बेंगलुरु के सीगेहल्ली तिहरे हत्याकांड में आरोपी जे. केनेथ के लैपटॉप की जांच से डिजिटल सुराग मिलने का पुलिस ने दावा किया है। अधिकारियों के मुताबिक, घटना से पहले AI टूल पर हमले और कई लोगों को काबू में करने से संबंधित प्रश्न किए गए थे।
पुलिस का कहना है कि डिजिटल हिस्ट्री में चाकू से हमले, सिरके और मिर्च पाउडर के इस्तेमाल तथा कई व्यक्तियों को एक साथ नियंत्रित करने से जुड़े सवाल दर्ज मिले। जांचकर्ता यह निर्धारित कर रहे हैं कि इन खोजों और वारदात के बीच सीधा संबंध है या नहीं।
अधिकारियों के अनुसार, ये प्रश्न 22 जून के हमले से पहले पूछे गए थे। डिजिटल गतिविधियों की तारीखों की जांच के साथ यह भी देखा जा रहा है कि AI ने क्या उत्तर दिए और कथित अपराध की तैयारी में उन उत्तरों की कोई भूमिका रही या नहीं।
घटनास्थल पर मिली एक बोतल में सिरका और मिर्च पाउडर होने की जानकारी सामने आई है। बोतल को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा गया है, ताकि हमले से उसके संभावित संबंध का पता लगाया जा सके।
चार्जशीट में पुलिस ने आर्थिक तनाव का भी उल्लेख किया है। जांच के अनुसार, श्वेता ने केनेथ के लिए करीब 52 लाख रुपये तक के कर्ज लिए थे। बैंक के नोटिस मिलने पर परिवार को इस वित्तीय दबाव का पता चला और इस मुद्दे पर तनाव बढ़ने की बात कही गई है।
22 जून की रात साई ग्रीन अपार्टमेंट के फ्लैट में श्वेता के माता-पिता सोमा सुंदर और मुथुलक्ष्मी तथा उनकी बेटी सुप्रिया पर हमला हुआ था। इलाज के दौरान तीनों की मौत हो गई। इसके बाद पुलिस ने श्वेता और केनेथ को पुडुचेरी से गिरफ्तार किया।
डिजिटल उपकरणों के अलावा बैंक दस्तावेज, संपर्क, घटनास्थल से बरामद सामग्री और अन्य परिस्थितिजन्य साक्ष्यों की जांच की जा रही है। इनकी मदद से कथित योजना तथा दोनों आरोपियों की भूमिका समझने की कोशिश हो रही है।
इस मामले से AI के संभावित दुरुपयोग पर सवाल उठे हैं। जांच का उद्देश्य तकनीक के कथित इस्तेमाल और अपराध के बीच संबंध की पड़ताल करना है; AI को अपराध का जिम्मेदार मानना नहीं।


