Saturday, 7 November 2026निष्पक्ष खबरें • बेबाक नज़रिया
TOP STORY
THE COMPLETE NEWSROOMखबर पूरी। नज़रिया साफ़।भारत से आपके शहर तक
▤ ई-पेपर पढ़ें ↗
BREAKING NEWS
Lucknow : भैया दूज के बाद फिर बंटेंगे नियुक्ति पत्र, शिक्षा, पुलिस, राजस्व में युवाओं को मिलेगी नौकरी- मुख्यमंत्री योगीLucknow : अब कोई भाई-भतीजावाद नहीं, 25 करोड़ जनता ही परिवार- सीएम योगीLucknow : योगी सरकार में पारदर्शी भर्ती से मिली खाकी वर्दी, सीएम के हाथों नियुक्ति पत्र पाकर खिले चेहरेLucknow : दीपावली और छठ पूजा पर अलर्ट मोड में रहेंगे मेडिकल कॉलेज, 24 घंटे सक्रिय रहेंगी इमरजेंसी सेवाएंLucknow : योगी सरकार आपदा में जान गंवाने वालों के परिवार को देगी अब आठ लाख की आर्थिक मददAyodhya : उप राष्ट्रपति के आगमन से दीप प्रज्ज्वलन तक, रामनगरी में मजिस्ट्रेटों को अलग-अलग कमानMathura : वृंदावन में धीरेंद्र शास्त्री के समर्थन में उतरा संत समाज, बोला संतों का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तानChandigarh : चुनाव से पहले विपक्षी नेताओं को डराने-धमकाने के लिए भाजपा ईडी , सीबीआई, इनकम टैक्स और इलेक्शन कमीशन का दुरुपयोग कर रही है- हरपाल सिंह चीमा

AIIMS Delhi Case: निष्क्रिय इच्छामृत्यु के तहत हरीश राणा का निधन, मेडिकल प्रक्रिया के बाद हटाया गया लाइफ सपोर्ट

AIIMS Delhi Case: निष्क्रिय इच्छामृत्यु के तहत हरीश राणा का निधन, मेडिकल प्रक्रिया के बाद हटाया गया लाइफ सपोर्ट

नई दिल्ली। देश के प्रमुख चिकित्सा संस्थान All India Institute of Medical Sciences में मंगलवार को हरीश राणा का निष्क्रिय इच्छामृत्यु (पैसिव यूथेनेसिया) के तहत निधन हो गया। शाम करीब 4:10 बजे उन्होंने अंतिम सांस ली। वह पिछले लगभग 13 वर्षों से गंभीर और असाध्य बीमारी से जूझ रहे थे और उनकी स्थिति लगातार नाजुक बनी हुई थी।

सूत्रों के अनुसार, मरीज की गंभीर हालत को देखते हुए चिकित्सकीय दिशा-निर्देशों के तहत परिजनों की सहमति ली गई और कानूनी प्रक्रिया पूरी की गई। इसके बाद मेडिकल बोर्ड की निगरानी में सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करते हुए लाइफ सपोर्ट सिस्टम हटाया गया। यह प्रक्रिया पूरी तरह से स्थापित मेडिकल और कानूनी प्रोटोकॉल के तहत संपन्न की गई।

एम्स के ब्रा-आईआरसीएच स्थित पैलिएटिव ऑन्कोलॉजी यूनिट में हरीश राणा भर्ती थे, जहां डॉक्टरों की एक विशेषज्ञ टीम लगातार उनकी देखभाल कर रही थी। संस्थान की प्रवक्ता Dr. Reema Dada ने जानकारी दी कि उनका इलाज Dr. Seema Mishra के नेतृत्व में चल रहा था, जो ऑन्को-एनेस्थीसिया एवं पैलिएटिव मेडिसिन विभाग की प्रमुख हैं।

भारत में निष्क्रिय इच्छामृत्यु की अनुमति Supreme Court of India द्वारा निर्धारित सख्त दिशा-निर्देशों के तहत ही दी जाती है। इसमें मरीज की इच्छा, परिवार की सहमति और मेडिकल बोर्ड की मंजूरी अनिवार्य होती है। इस मामले में भी सभी नियमों और प्रक्रियाओं का पालन किया गया।

एम्स प्रशासन ने हरीश राणा के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए उनके परिजनों के प्रति संवेदना प्रकट की है। यह मामला एक बार फिर गरिमामय मृत्यु, मरीज के अधिकार और गंभीर बीमारियों से जूझ रहे लोगों की देखभाल से जुड़े संवेदनशील मुद्दों को सामने लाता है।

विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे मामलों में मानवीय संवेदनाओं, कानूनी पारदर्शिता और चिकित्सा नैतिकता के बीच संतुलन बनाए रखना बेहद आवश्यक है, ताकि मरीज को सम्मानजनक तरीके से जीवन के अंतिम चरण में उचित देखभाल मिल सके।

Realme GT 6 भारत में लॉन्च होने की पुष्टि। अपेक्षित स्पेक्स, फीचर्स, और भी बहुत कुछ

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया

Avatar photo
संवाददाता

Tirthankar Sarkar

संबंधित खबरें