Thursday, 5 November 2026निष्पक्ष खबरें • बेबाक नज़रिया
TOP STORY
THE COMPLETE NEWSROOMखबर पूरी। नज़रिया साफ़।भारत से आपके शहर तक
▤ ई-पेपर पढ़ें ↗
BREAKING NEWS
Hapur News : मावा फैक्ट्री पर खाद्य विभाग का छापा, 3.20 लाख का खोया नष्ट करायाLucknow : इंडी गठबंधन के नेतृत्वकर्ताओं में क्लैरिटी, कैपेसिटी और क्रेडिबिलिटी का अभाव- मुख्यमंत्रीGorakhpur : राहुल फुस्स रॉकेट, अखिलेश हार के बहानेबाज- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथLucknow : योगी सरकार की पहल से परिषदीय विद्यालयों में पर्यावरण संरक्षण का पाठLucknow : दीपोत्सव में दिखेगा लोक संस्कृति का महाकुंभLucknow : योगी सरकार 49 संकेतकों के आधार पर कर रही महिला सशक्तीकरण की योजनाओं का जिलावार आकलनLucknow : दिव्यांगजन के हुनर को बाजार और पहचान दिलाएगी योगी सरकार, 5-6 नवंबर को लगेगा ‘दिव्य दीपावली मेला’Ayodhya : दसवें दीपोत्सव में राम की पैड़ी के 56 घाटों पर सजेगी 30 लाख दीपों की आभा

New Delhi : दिल्ली में प्रदूषण के खिलाफ बड़ा कदम, 6 नए एयर मॉनिटरिंग स्टेशन और 100 वायु रक्षक शुरू

New Delhi : दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने राजधानी में वायु प्रदूषण से निपटने के लिए सोमवार को 6 नए सतत परिवेशी वायु गुणवत्ता निगरानी स्टेशन और 100 वायु रक्षक पहल की शुरुआत की। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई केवल सर्दियों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह 365 दिन चलने वाला अभियान है और दिल्ली सरकार इसे पूरी गंभीरता के साथ आगे बढ़ा रही है।

दिल्ली सचिवालय में आयोजित कार्यक्रम के दौरान निगरानी स्टेशनों का ऑनलाइन उद्घाटन किया गया और वायु रक्षकों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया। मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछली सरकारों की लापरवाही के कारण दिल्ली में वायु प्रदूषण गंभीर स्तर पर पहुंचा, लेकिन अब उनकी सरकार समस्या की जड़ पर काम कर रही है। उन्होंने दोहराया कि स्वच्छ और सांस लेने योग्य हवा देना दिल्ली सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है और इस संकल्प से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने डेटा पारदर्शिता पर जोर देते हुए कहा कि वायु गुणवत्ता से जुड़ा पूरा डेटा सार्वजनिक और पूरी तरह पारदर्शी है। पीएम 10 और पीएम 2.5 का डेटा हर घंटे जबकि अन्य मानकों का डेटा हर पांच मिनट में ऑनलाइन अपडेट होता है, जिसे छुपाया या बदला नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि सरकार इसी पारदर्शी डेटा के आधार पर नीतियां बना रही है। उन्होंने पिछली नीतियों पर निशाना साधते हुए कहा कि पहले दिखावटी उपाय किए गए जिनका कोई स्थायी असर नहीं हुआ, जबकि अब स्थायी समाधान पर काम किया जा रहा है।

मुख्यमंत्री ने बताया कि दिल्ली ट्रांसपोर्ट कॉरपोरेशन के पास इस समय करीब 4000 इलेक्ट्रिक बसों का देश का सबसे बड़ा बेड़ा है और 2028 तक 14 हजार क्लीन फ्यूल बसें सड़कों पर उतारने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही कूड़े के पहाड़ खत्म करने, वेस्ट टू एनर्जी परियोजनाओं, मिस्ट स्प्रे, मैकेनिकल रोड स्वीपर, एंटी स्मॉग उपायों और हरित क्षेत्र के विस्तार जैसे कदम लगातार उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि प्रदूषण के खिलाफ यह एक लंबी लड़ाई है, लेकिन सरकार रोजाना काम करके दिल्ली को बेहतर और हरित बनाएगी।

इस अवसर पर पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा कि मॉनिटरिंग के साथ सख्त इंफोर्समेंट भी उतना ही जरूरी है। वायु रक्षक यह सुनिश्चित करेंगे कि नियम सिर्फ कागजों तक सीमित न रहें, बल्कि जमीन पर सख्ती से लागू हों। उन्होंने बताया कि 2024 में दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति में बड़ी संख्या में पद खाली थे, जिनमें से 157 पद महज 11 महीनों में भर दिए गए। उन्होंने कहा कि पहली बार प्रदूषण के स्रोतों पर एकसाथ और ठोस कार्रवाई हो रही है, चाहे वह वाहन हों, निर्माण कार्य, धूल नियंत्रण या पौधारोपण।

राजधानी में नए सीएएक्यूएमएस जेएनयू, इग्नू, तालकटोरा गार्डन, कॉमनवेल्थ स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स, दिल्ली कैंटोनमेंट और एनएसयूटी वेस्ट कैंपस में स्थापित किए गए हैं। इनके साथ दिल्ली में अब कुल 46 एयर मॉनिटरिंग स्टेशन हो गए हैं, जो देश में किसी भी शहर से सबसे अधिक हैं। इनमें से 30 स्टेशन दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति, 10 भारत मौसम विज्ञान विभाग और आईआईटीएम तथा 6 केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा संचालित किए जा रहे हैं। आने वाले समय में 14 और स्टेशन स्थापित किए जाएंगे।

कार्यक्रम के दौरान 100 वायु रक्षकों की तैनाती की औपचारिक शुरुआत की गई, जो दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति के साथ मिलकर जमीनी स्तर पर प्रदूषण नियंत्रण सुनिश्चित करेंगे। इसके अतिरिक्त 600 वायु रक्षक दिल्ली पुलिस के सहयोग से ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन पर निगरानी का कार्य पहले से कर रहे हैं।

इस खबर पर आपकी प्रतिक्रिया

Avatar photo
संवाददाता

SHAHRUKH KHAN

संबंधित खबरें